मुंबई, 27 दिसंबर (भाषा) मध्यप्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ समेत विभिन्न राज्यों की कृषि ऋण माफी की घोषणा से राज्यों के सम्मिलित पूंजीगत खर्च पर प्रतिकूल असर पड़ेगा। एक रिपोर्ट में इसकी चेतावनी दी गयी। राज्यों का पूंजीगत खर्च अर्थव्यवस्था को संचालित करने वाली निवेश वृद्धि को बढ़ावा देने का एक मुख्य कारक होता है। ऐतिहासिक तौर पर यह केंद्र सरकार के पूंजीगत खर्च से अधिक रहता है। घरेलू रेटिंग एजेंसी इंडिया रेटिंग्स के मुख्य अर्थशास्त्री डी.के.पंत ने बृहस्पतिवार को कहा, ‘‘राजकोषीय घट-बढ़ की अवधि में पूंजीगत खर्च राजकोषीय घाटा नियंत्रित करने का सबसे आसान तरीका हो जाता है। ऐसा महाराष्ट्र, राजस्थान
from Latest Business News in Hindi - बिज़नेस खबर, बिज़नेस समाचार, व्यवसाय न्यूज हिंदी में | Navbharat Times http://bit.ly/2SkATb6